Haridwar Swachhta Abhiyan 2025: हरिद्वार में कांवड़ मेले के बाद चला भव्य स्वच्छता अभियान, प्रशासन और समाज की साझेदारी से गंगा घाटों से मोहल्लों तक चला सफाई का संकल्प

Haridwar Swachhta Abhiyan 2025: हरिद्वार में कांवड़ मेले के बाद चला भव्य स्वच्छता अभियान, प्रशासन और समाज की साझेदारी से गंगा घाटों से मोहल्लों तक चला सफाई का संकल्प
हरिद्वार, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर इस वर्ष कांवड़ मेले के सफल आयोजन के बाद हरिद्वार जिला प्रशासन ने एक व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया है। इस अभियान का उद्देश्य न सिर्फ कांवड़ यात्रा के बाद की सफाई सुनिश्चित करना है, बल्कि जनजागरूकता बढ़ाना और नागरिकों में स्वच्छता के प्रति जिम्मेदारी की भावना पैदा करना भी है।
इस अभियान की अगुवाई जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र सिंह डोबाल और मुख्य विकास अधिकारी आकांक्षा कोंडे ने की। इन अधिकारियों ने स्वयं गंगा घाटों, सीसीआर और प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर सफाई अभियान में भाग लेकर लोगों को प्रेरित किया। एचआरडीए के उपाध्यक्ष अंशुल सिंह और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी इस पहल में सक्रिय भागीदारी की।
प्रेसवार्ता में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बताया कि यह अभियान 23 जुलाई की शाम से ही आरंभ कर दिया गया था। जिले को 13 जोनों में विभाजित करते हुए, हर जोन में एक वरिष्ठ अधिकारी को प्रभारी नियुक्त किया गया, जिससे व्यवस्थित और प्रभावी सफाई कार्य संपन्न हो सके। इस अभियान में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ-साथ सामाजिक, धार्मिक, व्यापारिक और शैक्षणिक संगठनों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया।
जिलाधिकारी ने कहा, “स्वच्छता केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं है, यह जनभागीदारी से ही संभव है। अगर हर नागरिक अपने हिस्से की जिम्मेदारी निभाए और कूड़े का निस्तारण सही स्थान पर करे, तो हमारा जिला स्वच्छ और सुंदर बन सकता है।”
मुख्य विकास अधिकारी आकांक्षा कोंडे ने अभियान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा, “यह एक ऐसा कार्य है जो हर व्यक्ति को स्वयं करना चाहिए। जब जनमानस इस सोच के साथ आगे आएगा, तभी हरिद्वार पूरी तरह स्वच्छ बन पाएगा।”
एसएसपी प्रमेन्द्र सिंह डोबाल ने इसे गंगा मैया की सेवा बताते हुए कहा, “यह एक पुण्य का कार्य है। मुख्यमंत्री की प्रेरणा से यह अभियान शुरू हुआ है और इसे हम सभी को एक सतत प्रक्रिया के रूप में अपनाना चाहिए। हर व्यक्ति को सप्ताह में एक दिन स्वच्छता के लिए समर्पित करना चाहिए।”
इस भव्य सफाई अभियान में एचआरडीए, वन विभाग, पुलिस, पंचायती राज, कृषि विभाग, जिला प्रशासन, और बीजेपी के पदाधिकारी, साथ ही सैकड़ों स्थानीय नागरिकों ने हिस्सा लिया। लोगों ने अपने-अपने मोहल्लों, गलियों और चौकों की साफ-सफाई की और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित किया।